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Dehradun (Uttarakhand): अपर मुख्य सचिव राधा रतूड़ी ने सोमवार को सचिवालय में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी द्वारा चम्पावत हेतु की गई 91 घोषणाओं की प्रगति की समीक्षा की। अपर मुख्य सचिव राधा रतूड़ी ने सचिवालय एवं जिला प्रशासन के अधिकारियों को स्पष्ट किया कि अधिकारी मुख्यमंत्री द्वारा जनहित में की गई घोषणाओं एवं विकास कार्यों को समयबद्धता से पूरा करें। जिला प्रशासन एवं सचिवालय स्तर पर जनहित की योजनाओं को पूरा करने के लिए औपचारिक प्रक्रियाओं को त्वरित किया जाय। शिक्षा और स्वास्थ्य से सम्बधित योजनाओं पर संवेदनशीलता से कार्य किया जाय। सभी विभाग विकास कार्यों के लिए बनने वाले वर्किंग प्लान को औपचारिकताओं में उलझाने के स्थान पर जनहित एवं राज्य हित को सर्वोपरि स्थान दें। शासकीय औपचारिकताओं को जनहित में लचीला किया जा सकता है।
एसीएस रतूड़ी ने कहा कि अधिकारी फाइलों पर आपत्तियां लगाने के स्थान पर अनौपचारिक तरीके से उनका त्वरित निराकरण करें। अधिकारी सरकारी कार्यों को परम्परागत तरीके से करने स्थान पर प्रो-एक्टिव अप्रोच के साथ कार्य करें। विकास कार्यों में तेजी लाने के लिए सचिवालय का प्रत्येक विभाग अपने सम्बन्धित जिला स्तरीय अधिकारियों के साथ विडियों कांफ्रेसिंग करें।

अपर मुख्य सचिव ने कहा कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शासकीय कार्यों में जनहित हेतु सरलीकरण का मार्ग अपनाने के स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं। अधिकारी जनहित से जुड़े विकास कार्यों में पर कार्य करते हुए आने वाली चुनौतियों एवं समस्याओं पर चर्चा करने के स्थान पर समाधान निकालने का प्रयास करें।
बैठक में चम्पावत जिला प्रशासन एवं सचिवालय के सम्बन्धित अधिकारियों द्वारा जानकारी दी गई कि मुख्यमंत्री जी द्वारा चम्पावत विधानसभा क्षेत्र हेतु की गई घोषणाओं पर गम्भीरता से कार्य किया जा रहा है। लोक निर्माण विभाग द्वारा कुल 08 घोषणाओं में से 07 घोषणाओं का शासनादेश एक माह के भीतर जारी कर दिया जाएगा। ग्राम्य विकास के तहत बनबसा-टनकरपुर-चम्पावत-घाट तक राष्ट्रीय राजमार्ग में 07 स्थानों में हिलांस आउटलेट के निर्माण की कार्यवाही गतिमान है। इनमें से 01 हिलांस आउटलेट तैयार हो चुका है। पुलिस क्षेत्राधिकारी, टनकपुर में स्मार्ट कन्ट्रोल रूम का निर्माण की कार्यवाही गतिमान है। पर्यटन विभाग के तहत चम्पावत को अखिल भारतीय स्तर पर पर्यटन मानचित्र में लाने के लिए पर्यटन विभाग की विशेष कार्ययोजना फरवरी माह के अन्त तक तैयार हो जाएगी। कुमाऊं क्षेत्र के प्रमुख 17 मन्दिरों को मानसखण्ड कोरिडोर के रूप में विकसित करने के सम्बन्ध में 17 फरवरी तक ई टेण्डर खुल जाएंगे।


