देहरादून, 19 मार्च 2026: देहरादून के प्रेमनगर क्षेत्र में अज्ञात महिला के शव मिलने की गुत्थी को पुलिस ने सुलझा लिया है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) के नेतृत्व में दून पुलिस ने इस ब्लाइंड मर्डर केस का खुलासा करते हुए मृतका के पहले पति को गिरफ्तार किया है, जिसने हत्या (murder) कर शव को जंगल में फेंक दिया था।
घटना का विवरण
11 मार्च 2026 को प्रेमनगर थाना क्षेत्र के मांडूवाला रोड स्थित बालासुंदरी मंदिर परिसर में एक अज्ञात महिला का शव सफेद प्लास्टिक के कट्टे में बरामद हुआ था। शव के पास एक रजाई भी पाई गई, जिससे प्रतीत हो रहा था कि शव को छिपाने का प्रयास किया गया था।
शव की स्थिति खराब होने के कारण उसकी पहचान नहीं हो सकी। पुलिस ने पंचनामा भरकर शव को मोर्चरी में सुरक्षित रखवाया और मामले में हत्या का मुकदमा दर्ज किया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में महिला की मौत गला दबाकर हत्या (Murder) करना पाया गया।
जांच और खुलासा
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने 8 टीमों का गठन किया। लगभग 2500 सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली गई, लेकिन घटनास्थल के आसपास जंगल होने और कैमरों की कमी के कारण कोई ठोस सुराग नहीं मिला।
इसके बाद पुलिस ने 30 से अधिक झुग्गी-बस्तियों में व्यापक सत्यापन अभियान चलाया और 5000 से अधिक लोगों से पूछताछ की। सोशल मीडिया और पंपलेट के माध्यम से भी महिला की पहचान के प्रयास किए गए।
आखिरकार 19 मार्च को जांच के दौरान पुलिस को सूचना मिली कि एक मजदूर की पत्नी कुछ दिनों से लापता है। पुलिस ने संदिग्ध रंजीत शर्मा को भाटोवाला क्षेत्र से हिरासत में लिया, जिसने पूछताछ में अपराध स्वीकार कर लिया।
हत्या की वजह
जांच में सामने आया कि आरोपी रंजीत शर्मा की पहली पत्नी रूपा कुछ समय पहले अपने दूसरे पति को छोड़कर वापस उसके संपर्क में आई थी और 11 महीने की बच्ची के साथ देहरादून रहने लगी थी।
रूपा आरोपी पर उसकी दूसरी पत्नी को छोड़ने का दबाव बना रही थी, जिस कारण दोनों के बीच लगातार विवाद होता था।
5 मार्च 2026 की रात विवाद के दौरान आरोपी ने गला दबाकर रूपा की हत्या कर दी। इसके बाद उसने शव को कट्टे में बंद कर चार दिन तक कमरे में छिपाकर रखा और बाद में जंगल में फेंक दिया।
मृतका और आरोपी की पहचान
मृतका: रूपा, उम्र 32 वर्ष, निवासी सहरसा, बिहार
आरोपी: रंजीत शर्मा, उम्र 32 वर्ष, निवासी सहरसा, बिहार (वर्तमान में देहरादून)
